SC के आदेश पर जेल से बाहर आए अर्नब गोस्वामी, कार की छत पर बैठकर लगाए नारे, कहा- उद्धव ठाकरे खेल अब शुरू हुआ है

चैतन्य भारत न्यूज

इंटीरियर डिजाइनर को आत्महत्या के लिए उकसाने के आरोप में गिरफ्तार रिपब्लिक टीवी के एडिटर इन चीफ अर्नब गोस्वामी को 7 दिन बाद बुधवार को सुप्रीम कोर्ट ने अंतरिम जमानत दे दी। तलोजा जेल से बाहर निकलते ही अर्नब कार की छत पर बैठ गए और ‘भारत माता की जय’ के नारे लगाए। इसके अलावा, उन्होंने भारत के लोगों की जीत बताते हुए सुप्रीम कोर्ट को जमानत देने के लिए आभार व्यक्त किया। अर्नब गोस्वामी जिस समय तलोजा जेल से रिहा किए गए, उस वक्त जेल के बाहर बड़ी संख्या में लोगों का जमावड़ा था। अर्नब के साथ राज्य के कई पुलिसकर्मी भी मौजूद थे।

सुप्रीम कोर्ट ने 2018 के आत्महत्या के लिए उकसाने के मामले में अर्नब गोस्वामी को बुधवार को अंतरिम जमानत देते हुए कहा कि, ‘अगर व्यक्तिगत स्वतंत्रता बाधित की जाती है तो यह न्याय का मजाक होगा।’ साथ ही सुप्रीम कोर्ट ने विचारधारा और मत भिन्नता के आधार पर लोगों को निशाना बनाने के राज्य सरकारों के रवैये पर गहरी चिंता व्यक्त की।


न्यायमूर्ति धनन्जय वाई चंद्रचूड़ और न्यायमूर्ति इन्दिरा बनर्जी की अवकाशकालीन पीठ ने कहा कि, ‘अगर राज्य सरकारें लोगों को निशाना बनाती हैं तो उन्हें इस बात का अहसास होना चाहिए कि नागरिकों की स्वतंत्रता की रक्षा के लिए सुप्रीम कोर्ट है।’ सुप्रीम कोर्ट ने अर्नब के साथ ही इस मामले में दो अन्य गिरफ्तार व्यक्तियों-नीतीश सारदा और फिरोज मोहम्मद शेख को भी 50-50 हजार रुपए के निजी मुचलके पर रिहा करने का आदेश दिया। पीठ ने इन्हें यह निर्देश भी दिया कि वे साक्ष्यों के साथ छेड़छाड़ नहीं करेंगे और जांच में सहयोग करेंगे।

इस शर्त पर मिली जमानत

सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि अर्नब गोस्वामी और दो अन्य आरोपी सबूतों के साथ छेड़छाड़ नहीं करेंगे। इसके अलावा आत्महत्या के लिए उकसाने के मामले की जांच के दौरान वो पूरा सहयोग करेंगे।

उद्धव ठाकरे पर हमला बोला

जमानत मिलने के बाद फिर से न्यूज रूम पहुंचे अर्नब गोस्वामी ने ‘फर्जी’ मामले में उन्हें गिरफ्तार करने को लेकर महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे पर बुधवार को हमला बोला। अर्नब ने कहा, ‘उद्धव ठाकरे सुन लो मुझे. आप हार गए।’ भाजपा के वरिष्ठ नेता देवेंद्र फडणवीस ने भी इस मामले में गिरफ्तार अर्नब को अंतरिम जमानत देने के कोर्ट के फैसले का स्वागत करते हुए बुधवार को कहा कि, ‘महाराष्ट्र की महाविकास अघाडी सरकार को ‘उसका स्थान दिखा’ दिया गया है।’

2018 में इंटीरियर डिजाइनर अन्वय नाइक और उनकी मां ने खुदकुशी कर ली थी। अन्वय की पत्नी ने सुसाइड लेटर में अर्नब का नाम होने के बावजूद कार्रवाई न होने पर सवाल उठाया था। इसके बाद रायगढ़ पुलिस ने अर्नब और दो अन्य लोगों को 4 नवंबर को गिरफ्तार किया था। बाद में अदालत ने इन्हें 18 नवंबर तक न्यायिक हिरासत में भेज दिया था।

 

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