औरंगाबाद: रेलवे ट्रैक पर ही सो गए मजदूर, रौंद कर चली गई ट्रेन, 17 की मौत, सीएम शिवराज और उद्धव ने किया मुआवजे का ऐलान

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चैतन्य भारत न्यूज

औरंगाबाद. देशभर में लॉकडाउन के दौरान जगह-जगह फंसे मजदूर अपने घरों को वापस जाने के लिए लगातार प्रयास कर रहे हैं। कुछ लोग साइकिल पर तो कुछ पैदल ही अपने मूल निवास स्थान की तरफ पलायन कर रहे हैं। ऐसे ही कई मजदूर घर पहुंचने की आस में महाराष्ट्र से पैदल ही रवाना हुए थे। लेकिन महाराष्ट्र के औरंगाबाद में शुक्रवार को एक मालगाड़ी की चपेट में आने से 17 लोगों की मौत हो गई।

जानकारी के मुताबिक, ये सभी मजदूर महाराष्ट्र के जलगांव में आयरन फैक्ट्री में काम करते थे। ये लोग औरंगाबाद से मध्यप्रदेश के लिए निकली स्पेशल ट्रेन को पकड़ना चाहते थे। इन सभी लोगों को उम्मीद थी कि वह भुसावल जाकर ट्रेन पकड़ लेंगे। करीब 45 किलोमीटर चलने के बाद वे सभी थक गए और फिर ट्रैक पर ही आराम करने लगे। ज्यादा थकान के कारण सभी को नींद आ गई और फिर वह ट्रैक पर ही सो गए। इस दौरान सुबह करीब सवा पांच बजे वहां से एक ट्रेन गुजरी और सभी इसकी चपेट में आ गए। औरंगाबाद के एसपी मोक्षदा पाटिल ने बताया कि मारे गए सभी मजदूर भुसावन से स्पेशल ट्रेन के जरिए मध्य प्रदेश लौटना चाहते थे। ये सभी मजदूर मध्य प्रदेश के शहडोल के रहने वाले थे।


इस घटना को लेकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने दुख जताया है। उन्होंने लिखा, ‘महाराष्ट्र के औरंगाबाद में रेल हादसे में जानमाल के नुकसान से बेहद दुखी हूं। मैंने रेल मंत्री पीयूष गोयल से बात की है और वह करीब से स्थिति पर नजर रख रहे हैं। आवश्यक हर संभव सहायता प्रदान की जा रही है।’

मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने घटना पर शोक व्यक्त करते हुए मृतकों के परिजनों को मुआवजा देने की घोषणा की है। महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे ने भी मृतकों के परिजनों को पांच-पाच लाख रुपए देने का ऐलान किया है।

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