अंतरराष्ट्रीय सहनशीलता दिवस : युवा पीढ़ी में तेजी से घटती जा रही सहनशीलता, खुद में सुधार से करें शुरुआत

international day of tolerance

चैतन्य भारत न्यूज हर वर्ष 16 नवंबर को दुनियाभर में ‘अंतरराष्ट्रीय सहनशीलता दिवस’ मनाया जाता है। बदलती जीवनशैली के चलते लोगों में सहनशीलता भी घटती जा रही है। ऐसे में सामाजिक माहौल ना बिगड़े और लोग एक दूसरे के साथ मिल-जुलकर रहे, इसी को ध्यान में रखते हुए अंतरराष्ट्रीय सहनशीलता दिवस मनाया जाता है। कैसे हुई शुरुआत साल 1995 में महात्मा गांधी की जयंती पर संयुक्त राष्ट्र ने सहनशीलता वर्ष मनाया था। इसी को आगे बढ़ाते हुए संयुक्त राष्ट्र महासभा ने 1996 में औपचारिक तौर पर प्रस्ताव पास कर अंतरराष्ट्रीय…

ट्रेन में चाय, नाश्ता और खाने की कीमतों में हुई बढ़ोतरी, जानिए नई कीमतें

railway meal

चैतन्य भारत न्यूज नई दिल्ली. भारतीय रेलवे में यात्रा करने वाले लाखों यात्रियों के लिए एक बड़ी खबर है। दरअसल, रेलवे ने ट्रेन में सफर के दौरान चाय, नाश्ता और भोजन की कीमतों में इजाफा कर दिया है। इस संदर्भ में रेलवे बोर्ड में पर्यटन एवं खान-पान विभाग के निदेशक की तरफ से सर्कुलर भी जारी कर दिया गया है। जानकारी के मुताबिक, रेलवे बोर्ड ने राजधानी, शताब्दी और दुरंतो ट्रेन में सफर के दौरान परोसे जाने वाले भोजन की कीमतों में इजाफा करने का फैसला किया है। साथ ही…

कौन हैं जेअर बोल्सोनारो? जिन्हें पीएम मोदी ने गणतंत्र दिवस पर बतौर मुख्य अतिथि किया आमंत्रित

jair bolsonaro modi

चैतन्य भारत न्यूज नई दिल्ली. 26 जनवरी 2020 को भारत अपना 71वां गणतंत्र दिवस मनाएगा। इस मौके पर होने वाले समारोह में राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी समेत देश की और भी कई बड़ी हस्तियां शामिल होंगी। गणतंत्र दिवस पर हर वर्ष कोई न कोई मुख्य अतिथि आते हैं। इस बार जेअर बोल्सोनारो गणतंत्र दिवस पर बतौर मुख्य अतिथि शामिल होने जा रहे हैं। आइए जानते हैं देश के मुख्य अतिथि होने जा रही इस शख्सियत के बारे में- कौन हैं जेअर बोल्सोनारो 71वें गणतंत्र दिवस के मौके पर…

200 फीट ऊंची पानी की टंकी पर चढ़ गया सांड, 3 घंटे की कड़ी मेहनत के बाद नीचे उतारा गया, छूटे प्रशासन के पसीने

pani ki tanki par saand

चैतन्य भारत न्यूज रेवाड़ी. हरियाणा के रेवाड़ी जिले के बावल कस्बे में एक सांड पानी की 200 फीट ऊंची टंकी पर चढ़ गया। ये पानी की टंकी ज्योतिबा फूले पार्क में बनाई गई है। सांड को नीचे उतारने में प्रशासन के पसीन छूट गए। करीब तीन घंटे तक सांड को उतारने के लिए मशक्कत करनी पड़ी और फिर क्रेन की मदद से उसे सुरक्षित नीचे उतार लिया गया। सीढ़ियों से सांड चढ़ा जा पहुंचा ऊपर बता दें टंकी के ऊपर चढ़ने के लिए सीढ़ियां बनी हुई है। रात के समय…

इस कीड़े की वजह से हुई सांभर झील में 10 हजार से ज्यादा पक्षियों की मौत! सभी में मिले लकवे के लक्षण

sambhar lake birds

चैतन्य भारत न्यूज जयपुर. कुछ दिन पहले ही राजस्थान की राजधानी जयपुर के पास स्थित सांभर झील में हजारों प्रवासी पक्षियों की अचानक मौत हो गई, जिससे हड़कंप मच गया था। अब इन पक्षियों की मौत का कारण सामने आया है। बताया जा रहा है कि सभी पक्षियों की मौत मेगट्स कीड़े के कारण हुई थी। इस कीड़े से फैलने वाली एवियन बोटुलिज्म (Avian Botulism) बीमारी को ही मौत का कारण माना जा रहा है। मुख्यमंत्री ने बुलाई बैठक गुरुवार को झील पर मामले की जांच-पड़ाल की गई। जांच के…

महाराष्ट्र में साफ हुआ सरकार बनाने का रास्ता! मुख्यमंत्री शिवसेना का ही होगा

shivsena

चैतन्य भारत न्यूज मुंबई. महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव के नतीजे आने के बाद से ही मुख्यमंत्री की कुर्सी को लेकर खींचतान चल रही थी, लेकिन अब राज्य में राष्ट्रपति शासन के बीच सरकार बनाने का रास्ता साफ हो गया है। जानकारी के मुताबिक, महाराष्ट्र में सरकार बनाने के लिए शिवसेना, कांग्रेस और एनसीपी के बीच ‘डील’ हो गई है। कहा जा रहा है कि अब पूरे कार्यकाल के लिए शिवसेना का ही मुख्यमंत्री होगा, जबकि कांग्रेस और एनसीपी के खाते में एक-एक उपमुख्यमंत्री पद आएगा। किस पार्टी को मिले कितने पद?…

भोपाल गैस त्रासदी के लाखों पीड़ितों के हित के लिए लड़ने वाले अब्दुल जब्बार ने दुनिया को कहा अलविदा

abdul jabbar bhopal

चैतन्य भारत न्यूज भोपाल. मध्यप्रदेश की राजधानी भोपाल में हुई गैस त्रासदी में लाखों पीड़ितों के लिए मसीहा बनकर उभरे एक्टिविस्ट अब्दुल जब्बार का गुरुवार देर रात निधन हो गया। बता दें अब्दुल जब्बार ने गैस त्रासदी में लाखों पीड़ितों को न्याय दिलाने के लिए लंबी लड़ाई लड़ी थी। 1984 Bhopal Gas tragedy activist Abdul Jabbar passed away in Bhopal last night. (file pic) pic.twitter.com/IMx3wx6Zsc — ANI (@ANI) November 15, 2019 सरकार ने इलाज का खर्च उठाने का जिम्मा लिया था वह जब्बार भाई के नाम से मशहूर थे। पिछले…

जयंती : आखिर क्यों आदिवासियों के बीच भगवान की तरह पूजे जाते हैं बिरसा मुंडा? जानिए उनसे जुड़ी कुछ खास बातें

birsa munda jayanti,birsa munda jayanti 2019,birsa munda birthday,birsa munda ka janmdin,koun the birsa munda

चैतन्य भारत न्यूज देश 15 नवंबर को यानी आज 19वीं सदी के प्रमुख आदिवासी जननायक बिरसा मुंडा की जयंती मना रहा है। भारतीय इतिहास में बिरसा मुंडा एक ऐसे नायक थे जिन्होंने भारत के झारखंड में अपने क्रांतिकारी चिंतन से उन्नीसवीं शताब्दी के उत्तरार्द्ध में आदिवासी समाज की दशा और दिशा बदलकर नवीन सामाजिक और राजनीतिक युग का सूत्रपात किया। 15 नवंबर 1875 को झारखंड के आदिवासी परिवार सुगना और करमी के घर जन्मे बिरसा मुंडा ने साहस की स्याही से पुरुषार्थ के पृष्ठों पर शौर्य की शब्दावली रची। उन्होंने अपनी…

ये है विश्व का सबसे अनोखा देश, जहां 7 से अधिक बच्चे पैदा करने पर मां को दिया जाता है स्वर्ण पदक

kazakhstan,mothers medal ,gold medal kazakhstan ,child birth kazakhstan rules, weird laws

चैतन्य भारत न्यूज विश्व जहां जनसंख्या वृद्धि की समस्या को लेकर जूझ रहा है और कई तरह के परिवार नियोजन कार्यक्रमों के माध्यम से इसका हल निकालने की कोशिश की जा रही है, वहीं यहां एक ऐसा देश भी है जहां की सरकार चाहती है कि परिवारों में अधिक बच्चे हों। इतना ही नहीं बल्कि इस देश की जन्म दर बढ़ाने में योगदान देने वाली वाली मांओं को ‘हीरो मदर्स’ का मेडल दिया जाता है। कजाखस्तान देश के किसी परिवार में छह बच्चे होने पर मां को रजत पदक देकर…

महान गणितज्ञ वशिष्ठ नारायण सिंह का निधन, एंबुलेंस का इंतजार करता रहा पार्थिव शरीर, गुमनामी में बिता अंतिम समय

vashishtha narayan singh,vashishtha narayan singh death

चैतन्य भारत न्यूज जाने माने गणितज्ञ वशिष्ठ नारायण सिंह ने गुरुवार (14 नवंबर) को पटना मेडिकल कॉलेज एंड हॉस्पिटल (पीएमसीएच) में अंतिम सांस ली। वह 74 वर्ष के थे। बताया जा रहा है कि नारायण सिंह पिछले कई सालों से सीजोफ्रेनिया नामक बीमारी से पीड़ित थे और लंबे समय से उनका पटना के पीएमसीएच अस्पताल में इलाज चल रहा था। आइंस्टीन के सिद्धांत को चुनौती देने वाले वशिष्ठ नारायण सिंह की योग्यता का डंका देशदुनिया में बजा। समय पर नही मिली एबुंलेंस जानकारी के मुताबिक, आज तड़के उनके मुंह से…