1 फरवरी को सुबह 6 बजे होगी निर्भया के दोषियों को फांसी, कोर्ट ने जारी किया नया डेथ वारंट

nirbhaya,nirbhaya case,nirbhaya kand

चैतन्य भारत न्यूज

नई दिल्ली. निर्भया के चारों दोषियों की फांसी की तारीख बदल दी गई है। इन्हें अब 22 जनवरी की जगह 1 फरवरी 2020 को सुबह 6 बजे फांसी दी जाएगी। पटियाला हाउस कोर्ट ने शुक्रवार को नया डेथ वारंट जारी किया है।



बता दें एक दोषी मुकेश सिंह ने कोर्ट में दया याचिका का हवाला देकर 22 जनवरी को होने वाली फांसी पर रोक लगाने की मांग की थी। लेकिन शुक्रवार को राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने मुकेश की दया याचिका खारिज कर दी। अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश सतीश कुमार अरोड़ा दोषी मुकेश कुमार सिंह की याचिका पर सुनवाई कर रहे थे, जिसमें फांसी की तारीख को 22 जनवरी से टालने की मांग की गई थी। बता दें इससे पहले तिहाड़ जेल के अधिकारियों ने भी दिल्ली की कोर्ट से निर्भया मामले के चारों दोषियों के खिलाफ मौत की सजा पर डेथ वॉरंट फिर से जारी करने की मांग की थी।

इस मामले में नया डेथ वारंट जारी होने के बाद निर्भया की मां आशा देवी ने कहा कि, ‘जब तक दोषियों को फांसी पर नहीं लटका दिया जाता है, तब तक मेरी बेटी को न्याय नहीं मिलेगा। मुझको पिछले सात साल से तारीख पर तारीख दी जा रही है।’ उन्होंने आगे कहा कि, ‘हर जगह निर्भया के गुनहगारों का ही मानवाधिकार देखा जा रहा है। हमारा मानवाधिकार कोई नहीं देख रहा है।’

गौरतलब है कि 16 दिसंबर 2012 को हुए निर्भयाकांड ने पूरे देश को हिलाकर रख दिया था। दिल्ली की रहने वाली 23 वर्षीय निर्भया के साथ चलती बस में सामूहिक दुष्कर्म किया गया था और फिर उसकी बुरी तरह पिटाई की गई। बाद में अस्पताल में निर्भया की मौत हो गई थी। दिल्ली पुलिस ने इस मामले में 6 लोगों को गिरफ्तार किया था, जिनमें से एक नाबालिग था। नाबालिग को रिहा कर दिया गया, जबकि एक और दोषी राम सिंह ने तिहाड़ जेल में फांसी लगाकर खुदकुशी कर ली थी। बचे अन्य 4 दोषियों को फांसी होनी है।

ये भी पढ़े…

निर्भया केस: दोषी विनय शर्मा ने की शौचालय में आत्महत्या की कोशिश, सुरक्षाकर्मियों ने इस तरह बचाया

निर्भया केस: राष्ट्रपति कोविंद ने खारिज की दोषी मुकेश की दया याचिका, फांसी से बचने के सभी रास्ते हुए बंद!

टल गई निर्भया के दोषियों की फांसी, कोर्ट ने डेथ वॉरंट पर लगाया स्टे, यह है वजह

Related posts