पेड़ों को कटते देख रो पड़ी 9 साल की बच्ची, मुख्यमंत्री ने बनाया ‘ग्रीन मणिपुर मिशन’ का ब्रांड एंबेसडर

चैतन्य भारत न्यूज

मणिपुर की एक 9 साल की बच्ची इन दिनों जमकर सुर्खियों में हैं। पर्यावरण संरक्षण को लेकर उसके छोटे से प्रयास की खूब तारीफ हो रही है। मणिपुर के काकिंग जिला स्थित हियांगलाम माखा लईकाई की रहने वाली एलंगबाम वेलेंतिना को मुख्यमंत्री ने ‘ग्रीन मणिपुर मिशन’ का एंबेसडर बनाया गया है।

पांचवीं क्लास में पढ़ने वाली इस बच्ची का चुनाव भी सरकार द्वारा एक खास वजह से किया गया है। इस बच्ची को इतना बड़ा सम्मान देने के पीछे एक रोचक कहानी है। दरअसल राज्य के काकचिंग जिले में सड़क चौड़ीकरण के लिए कई पेड़ काटे जा रहे थे। इसमें एलंगबाम के द्वारा लगाए गए पेड़ भी शामिल थे। जब सड़क बनाने वाली टीम ने एलंगबाम द्वारा लगाए पेड़ काटना शुरू किए तो वह जोर-जोर से रोने लगी। इसका किसी ने वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर शेयर कर दिया।

जब यह बात मुख्यमंत्री एन बीरेन सिंह तक पहुंची तो उन्होंने एलंगबाम को राज्य का ग्रीन एम्बेसडर बनाने का फैसला किया। उन्होंने कहा कि लोगों के लिए वह एक उदाहरण बन सकती है। हम उसकी भावनाओं का सम्मान करते हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि, ‘हमने 18 जुलाई को मुख्यमंत्री ‘ग्रीन मणिपुर मिशन’ को लॉन्च किया था। वीडियो देखने के बाद अचानक मेरे दिमाग में यह बात आई कि इस बच्ची को मिशन का ग्रीन एम्बेसडर बनाया जाना चाहिए। बुधवार को इसके आदेश सरकार ने जारी कर दिए हैं।’

वहीं एलंगबाम का कहना है कि, ‘मैं बड़ी होकर वन अधिकारी बनना चाहती हूं। मैं वन अधिकारी बनकर उन पहाड़ियों पर वृक्षारोपण करना चाहती हूं जहां काफी संख्या में पेड़ काट दिए गए थे।’ स्थानीय लोगों का कहना है कि, जब एलंगबाम कक्षा एक में थी तो उसने दो गुलमोहर के पौधे लगाए थे। चार साल में यह पेड़ बन गए थे। एलंगबाम जब स्कूल से आई तब तक उसके द्वारा लगाए गए पेड़ काट दिए गए थे। इसके बाद से वह काफी देर तक रोती रही थी।

 

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