पुलवामा आतंकी हमला: NIA की टीम ने दायर की 5 हजार पन्नों की चार्जशीट, बताया- अमावस्या का फायदा उठाकर आतंकी लाए RDX

चैतन्य भारत न्यूज

नई दिल्ली. राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) ने पुलवामा आतंकी हमले मामले में चार्जशीट दायर कर दी है। जानकारी के मुताबिक, ये चार्जशीट 5000 पन्नों की है। चार्जशीट में एनआईए ने 20 आरोपी बनाए हैं। इनमें जैश-ए मोहम्मद का सरगना मौलाना मसूद अजहर भी शामिल है।

बता दें जम्मू-कश्मीर के पुलवामा में 14 फरवरी 2019 को सीआरपीएफ के काफिले पर आतंकी हमला किया गया था। एक आत्मघाती हमलावर ने विस्फोटक से भरी कार सीआरपीएफ के काफिले से टकरा दी थी। इस धमाके में 40 जवान शहीद हो गए थे। एनआईए तब से ही इस मामले की जांच कर रही थी। 5,000 से अधिक पन्नों की चार्जशीट डिप्टी इंस्पेक्टर जनरल सोनिया नारंग और पुलिस अधीक्षक राकेश बलवाल की एक टीम द्वारा जांच के बाद पूरी की गई है। इसे जम्मू में एक विशेष एनआईए अदालत के समक्ष दायर किया गया।

इस चार्जशीट में पाकिस्तान की आतंकी साजिश का पूरा कच्चा चिट्ठा है। चार्जशीट में पाकिस्तान में छिपे बैठे हमले के मास्टरमाइंड जैश-ए-मोहम्मद के सरगना मसूद अजहर समेत 20 को आरोपी बनाया गया है। इसमें जैश-ए-मोहम्मद (जेएम) प्रमुख मौलाना मसूद अजहर, उसके भाई अब्दुल राउत असगर, आतंकी संगठन के कई अन्य कमांडरों का नाम शामिल है। NIA ने अपनी जांच में पाया है कि हमले में इस्तेमाल किए गए 20 किलो आरडीएक्स को पाकिस्तान से लाया गया था।

जानकारी के मुताबिक, एनआईए की चार्जशीट में कहा गया है कि आरडीएक्स समेत अन्य विस्फोटक आतंकी पीठ पर पाकिस्तान से लाद कर लाए। इसके साथ ही बताया गया एक अन्य आरोपी इकबाल रादर ने इस हमले के पहले उमर फारूक नाम के एक आतंकी को रात के अंधेरे में सीमा पार करा कर घाटी में लाया था। NIA को इस बात के वीडियो सबूत भी मिल हैं, जिनमें अमावस्या यानी अंधेरी रात में घुसपैठ करने की रणनीति का जिक्र किया गया है। जांच एजेंसी को यह वीडियो उमर फारुक के फोन में मिला है। इस फोन के जरिए एजेंसी को पूरे प्लान के बारे में पता चला है कि जिसके जरिए आतंकी भारतीय सीमा में आए।

सूत्रों के अनुसार चार्जशीट में कहा गया है कि आतंकियों ने हमले में इस्तेमाल किए गए अमोनियम नाइट्रेट और नाइट्रो ग्लिस्रीन सरीखे पदार्थ स्थानीय स्तर पर ही इकट्ठा किए थे। कहा गया है कि आतंकियों ने जम्मू-कश्मीर में इन विस्फोटकों को ऑनलाइन भी खरीदा था।

40 जवान हो गए थे शहीद

गौरतलब है कि इस हमले को अंजाम देने वाला आदिल अहमद डार समेत इसमें इस्तेमाल हुई IED को बनाने वाला कामरान , सीमा पार से आया आतंकी उमर फारुक एनकाउंटर में मारे जा चुके हैं। इस मामले में अभी तक सात लोगों को गिरफ्तार किया गया है।

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