गरीबों को अनाज, मजदूरों को किराए पर घर, मोदी कैबिनेट की बैठक में लिए गए ये फैसले

चैतन्य भारत न्यूज

नई दिल्ली. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में बुधवार को कैबिनेट की बैठक हुई। यह बैठक प्रधानमंत्री आवास पर हुई। इस बैठक में कृषि क्षेत्र के बुनियादी ढांचे के विकास के लिए एक लाख करोड़ रुपए के एग्री इन्फ्रा फंड को मंजूरी दी गई। इसके अलावा गरीब कल्याण अन्न योजना को नवंबर तक बढ़ाने के फैसले पर मुहर लगाई गई।

कैबिनेट बैठक में लिए गए फैसलों की जानकारी केंद्रीय मंत्री प्रकाश जावड़ेकर ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में दी। प्रकाश जावड़ेकर ने कहा कि, प्रधानमंत्री गरीब कल्याण अन्न योजना के तहत पिछले 3 महीने में 81 करोड़ लोगों को प्रति व्यक्ति हर महीने 5 किलो अनाज मुफ्त मिला है। जो अनाज 2 रुपए और 3 रुपए में मिलता है वो मिलता रहा। लेकिन ये अनाज मुफ्त मिला है। इसका मतलब है कि पिछले 3 महीने में प्रति व्यक्ति को 15 किलो अनाज मिला।’

प्रकाश जावड़ेकर ने यह भी बताया कि, पिछले दिनों पीएम मोदी ने इसे विस्तार करने की घोषणा की। आज मंत्रिमंडल ने उसको लागू किया है। जुलाई, अगस्त, सितंबर, अक्टूबर, नवंबर तक ये योजना लागू रहेगी, जिसमें एक व्यक्ति को 5 किलो मुफ्त अनाज मिलेगा। पहले तीन महीने में 1 करोड़ 20 लाख टन अनाज दिया गया और आने वाले 5 महीने में 2 करोड़ 3 लाख टन अनाज मुफ्त दिया जाएगा।’

बैठक में इन फैसलों पर लगी मुहर

  • गरीबों और जरूरतमंदों की मदद के लिए कैबिनेट ने प्रधानमंत्री गरीब कल्याण अन्न योजना के विस्तार का फैसला लिया है। इसके लिए जुलाई से नवंबर 2020 तक पांच महीनों के लिए अतिरिक्त खाद्यान्न वितरण करने का फैसला किया गया है।
  • पहले तीन महीनों में एक करोड़ 20 लाख टन अनाज बांटा गया था। आने वाले पांच महीनों में दो करोड़ तीन लाख टन अनाज बांटने का लक्ष्य है। अप्रैल में अब तक लगभग 74.3 करोड़, मई में 74.75 करोड़ और जून में लगभग 64.72 करोड़ लाभार्थियों को इसका फायदा मिला है।
  • उज्जवला योजना के तहत मिलने वाले तीन सिलेंडरों की अवधि को जून से बढ़ाकर अब सितंबर तक कर दिया गया है। इसमें 13500 करोड़ रुपये का खर्च आएगा।
  • कैबिनेट ने ईपीएफ अंशदान 24 फीसदी (12 फीसदी कर्मचारी का और 12 फीसदी संस्थान का) को और तीन महीने जून से अगस्त 2020 तक बढ़ाने को मंजूरी दी। इसमें कुल अनुमानित खर्च 4,860 करोड़ रुपये आएगा और इस कदम से 72 लाख से अधिक कर्मचारियों को लाभ होगा।
  • कैबिनेट ने प्रधानमंत्री आवास योजना (शहरी) के तहत उप योजना के रूप में शहरी प्रवासियों/गरीबों के लिए किफायती किराये के आवास परिसरों के विकास को मंजूरी दी। इस फैसले से करीब तीन लाख लोगों को लाभ मिलेगा।
  • कैबिनेट ने सार्वजनिक क्षेत्र की तीन जनरल इंश्योरेंस कंपनियों- ओरिएंटल इंश्योरेंस कंपनी लिमिटेड, नेशनल इंश्योरेंस कंपनी लिमिटेड और यूनाइटेड इंडिया इंश्योरेंस कंपनी लिमिटेड के लिए 12,450 करोड़ रुपये के पूंजीगत निवेश को मंजूरी दी। इसमें वित्त वर्ष 2019-20 में में किया गया 2500 करोड़ रुपये का निवेश भी शामिल है।

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