आखिर क्यों शर्म से लाल हो जाता है चेहरा? जानिए इसका वैज्ञानिक कारण

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चैतन्य भारत न्यूज

अक्सर कहा जाता है- ‘शर्म से लाल हो जाना’ यानी जब आप शर्म महसूस करते है तो आपका चेहरा लाल हो जाता है। ज्यादातर लोगों में यह बहुत ही सामान्य स्थिति है। जीवन में कई बार हमारे सामने ऐसी स्थिति आ जाती है जब हमें शर्म आ जाती है। ऐसे समय पर अक्सर शर्म से लाल हो जाना कहावत कही जाती है। हम आपको आज शर्म से लाल हो जाने का वैज्ञानिक कारण बता रहे हैं।

शर्म से लाल होने के कई कारण होते हैं। जब खुद के ही किसी बेवकूफी भरे काम पर शर्मिंदगी महसूस होती है तो ऐसे समय पर शरीर में एड्रिनलिन हार्मोन स्रावित होते हैं। यह हार्मोन उत्तेजक के रूप में काम करता है। इससे शरीर पर कई तरह के प्रभाव भी होते हैं। एड्रिनलिन हार्मोन के उत्पन्न होने पर दिल की धड़कनें बढ़ जाती हैं और सांसें भी तेज होने लगती हैं। साथ ही इस हार्मोन की वजह से आंखों की पुतलियां भी चौड़ी हो जाती हैं जिससे की बेहतर ढंग से दिख सके। एड्रिनलिन हार्मोन की वजह से पाचन-क्रिया धीमी होने लगती है और इससे पूरे शरीर की ऊर्जा मांसपेशियों की ओर भेज दी जाती है।

एड्रिनलिन हार्मोन खून की नालियों को भी चौड़ा कर देता है जिससे की ज्यादा मात्रा में खून और ऑक्सीजन का संचार शरीर में हो सके। ऐसे में शर्मिंदगी होने पर व्यक्ति का चेहरा लाल हो जाता है। इससे व्यक्ति के चेहरे में मौजूद खून की नलियां चौड़ी हो जाती हैं और उनमें रक्त संचार होने लगता है। इस दौरान चेहरे पर सामान्य से ज्यादा खून दौड़ने लगता है। यही वजह है कि शर्माते समय चेहरे पर लालिमा दिखाई देने लगती है।

ब्लशिंग के डर से सर्जरी कराना

अंग्रेजी में शर्म से लाल हो जाने को ब्लशिंग कहा जाता है। ब्लशिंग को नियंत्रण में करने के लिए विदेशों में सर्जरी करवा ली जाती है। बता दें ब्लशिंग के डर को ‘एरिथ्रोफोबिया’ कहा जाता है। हैरानी वाली बात तो यह है कि कुछ लोगों के अंदर तो ब्लशिंग का डर इस कदर हावी हो जाता है कि इससे बचने के लिए लोग रीढ़ की हड्डी में मौजूद उन छोटी-छोटी नसों को भी कटवा लेते हैं जो कि ब्लशिंग प्रक्रिया में सहायक होती हैं। इस सर्जरी को ‘एंडोथोरसिक सिंपैथेक्टोमी’ कहा जाता है। इस सर्जरी के जरिए ब्लशिंग नियंत्रण में हो सकती है।

अन्य भाव से भी छा जाती है लालिमा

शर्म से चेहरे के लाल होने के अलावा और भी कई ऐसे मनोभाव होते हैं जिससे लालिमा छा जाती है। जैसे कि किसी प्रिय व्यक्ति के नजदीक आना या फिर उनके आने के ख्याल आने से भी चेहरा लाल हो जाता है। यह प्रक्रिया महिला और पुरुष दोनों में ही समान रूप से देखने को मिलती है। हालांकि, यह लक्षण बहुत क्षणिक रूप के लिए ही प्रकट होते हैं इसलिए यह कोई बड़ी समस्या नहीं होती है।

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