गणतंत्र दिवस 2020: दुनिया में सबसे बड़ा है ‘भारत का संविधान’, जानें कौन-कौन सी बातें इसे बनाती हैं खास

constitution of india

चैतन्य भारत न्यूज

आज देश अपना 71वां गणतंत्र दिवस मना रहा है। साल 1950 में आज ही के दिन भारतीय संविधान लागू हुआ था। गणतंत्र दिवस के मौके पर हम आपको भारत के संविधान से जुड़ी कुछ खास बातें बताने जा रहे हैं-



  • भारत का संविधान विश्व के किसी भी गणतांत्रिक देश का सबसे लंबा लिखित संविधान है।
  • भारत के संविधान के हर पन्ने पर सोने की पत्तियों वाली फ्रेम बनी है।
  • संविधान के हर अध्याय के शुरुआती पन्ने पर एक कलाकृति भी बनाई गई है।
  • बाबासाहेब डॉ. भीम राव अंबेडकर को भारत का संविधान निर्माता कहा जाता है। वह संविधान मसौदा समिति के अध्यक्ष थे।
  • भीम राव अंबेडकर को संविधान को तैयार करने में 2 साल 11 महीने 18 दिन का वक्त लगा था।
  • संविधान 26 नवंबर, 1949 को बनकर तैयार हुआ था। लेकिन इसे कानूनी रूप से 26 जनवरी, 1950 को लागू किया गया। इसी दिन को आज हम भारत के गणतंत्र दिवस के रूप में मनाते हैं।
  • 24 जनवरी, 1950 को संविधान सभा के 284 सदस्यों ने हस्ताक्षर किए थे। जिसमें 15 महिलाएं भी शामिल थीं। दो दिन बाद 26 जनवरी से यह संविधान देश में लागू हो गया था।
  • संविधान सभा पर अनुमानित खर्च 1 करोड़ रुपए आया था।
  • संविधान की असली प्रतियां हिंदी और इंग्लिश दो भाषाओं में लिखी गई थीं।
  • संविधान सभा के सदस्य भारत के राज्यों की सभाओं के निर्वाचित सदस्यों के द्वारा चुने गए थे। इनमें जवाहरलाल नेहरू, डॉ भीमराव अम्बेडकर, डॉ राजेन्द्र प्रसाद, सरदार वल्लभ भाई पटेल, मौलाना अबुल कलाम आजाद आदि प्रमुख सदस्य थे।
  • 11 दिसंबर 1946 को संविधान सभा की बैठक में डॉ. राजेंद्र प्रसाद को स्थायी अध्यक्ष चुना गया, जो अंत तक इस पद पर बने रहें।
  • संविधान में 465 अनुच्छेद, तथा 12 अनुसूचियां हैं और ये 22 भागों में विभाजित है। बता दें निर्माण के समय मूल संविधान में 395 अनुच्छेद, जो 22 भागों में विभाजित थे इसमें केवल 8 अनुसूचियां थीं।
  • संविधान में प्रशासन या सरकार के अधिकार, उसके कर्तव्य और नागरिकों के अधिकार के बारे में विस्तार से बताया गया है।
  • संविधान की मूल प्रति भारतीय संसद की लाइब्रेरी में हीलियम से भरे केस में रखी गई है।

भारतीय संविधान के प्रमुख भाग इस प्रकार हैं-

  • भाग-1 संघ एवं उसका राज्य क्षेत्र: अनुच्छेद 1 से 4
  • भाग-2 नागरिकता: अनुच्छेद 5 से 11
  • भाग-3 मौलिक अधिकार: अनुच्छेद 12 से 35
  • भाग-4 नीति-निर्देशक तत्वन: अनुच्छेद 36 से 51
  • भाग-4 (क) मूल कर्तव्यच: अनुच्छेद 51 (क)
  • भाग-5 संघ: अनुच्छेद 52 से 151
  • भाग-6 राज्य: अनुच्छेद 152 से 237
  • भाग-8 संघ राज्य क्षेत्र: अनुच्छेद 239 से 242
  • भाग-11 संघ और राज्यों के बीच संबंध: अनुच्छेद 245 से 263
  • भाग-14 संघ और राज्यों के अधीन सेवाएं: अनुच्छेद 308 से 323
  • भाग-15 निर्वाचन: अनुच्छेद 324 से 329
  • भाग-17 राजभाषा: अनुच्छेद 343 से 351
  • भाग-18 आपात उपबंध: अनुच्छेद 352 से 360
  • भाग-20 संविधान संशोधन: अनुच्छेद 368

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