शरद पूर्णिमा पर 30 साल बाद बन रहा है यह दुर्लभ संयोग, देवी की पूजा करने से मिलेगा सौभाग्य

sharad purnima,sharad purnima 2019,sharad purnima ka mahatav,sharad purnima ki puja vidhi,sharad purnima shubh muhurat

चैतन्य भारत न्यूज

हिंदू धर्म में सभी पूर्णिमा में आश्विन महीने की पूर्णिमा का विशेष महत्व होता है। आश्विन मास के शुक्‍ल पक्ष की पूर्णिमा को शरद पूर्णिमा के तौर पर मनाया जाता है। इस बार 13 अक्टूबर को शरद पूर्णिमा है। इस पूर्णिमा को कोजागरी पूर्णिमा भी कहते हैं। इस साल शरद पूर्णिमा पर शुभ संयोग बन रहा है। कहा जा रहा है कि शरद पूर्णिमा पर 30 साल बाद दुर्लभ योग बन रहा है। आइए जानते हैं शरद पूर्णिमा का शुभ संयोग और इस दिन क्या करना चाहिए।



sharad purnima,sharad purnima 2019,sharad purnima ka mahatav,sharad purnima ki puja vidhi,sharad purnima shubh muhurat

शरद पूर्णिमा का शुभ संयोग

ज्योतिष शास्त्र के मुताबिक, ये शुभ योग चंद्रमा और मंगल के आपस में दृष्टि संबंध होने से बन रहा है। जिसे महालक्ष्मी योग कहा जाता है। शरद पूर्णिमा पर इस शुभ योग के बनने से ये पर्व और ज्यादा खास हो जाएगा। मान्यता है कि इस तिथि पर देवी लक्ष्मी पृथ्वी का भ्रमण करती हैं और जो जाग कर देवी की पूजा करता है उस पर माता लक्ष्मी प्रसन्न होती हैं। इस शरद पूर्णिमा पर महालक्ष्मी योग में देवी की पूजा करने का सौभाग्य 30 साल बाद मिल रहा है। जिससे इस साल शरद पूर्णिमा पर स्वास्थ्य के साथ आर्थिक स्थिति में भी सुधार होने के योग बन रहे हैं।

sharad purnima,sharad purnima 2019,sharad purnima ka mahatav,sharad purnima ki puja vidhi,sharad purnima shubh muhurat

शरद पूर्णिमा पर क्या करें 

  • शरद पूर्णिमा पर चंद्र की किरणें हमें लाभ पहुंचाती हैं। इसलिए इस रात में कुछ देर चांद की चांदनी में बैठना चाहिए। ऐसा करने पर मन को शांति मिलती है और तनाव दूर होता है।
  • शरद पूर्णिमा की रात में चांद की रोशनी में बैठकर चांदी के बर्तन में भोजन करने से मानसिक और शारीरिक परेशानियां दूर होती हैं।
  • शरद पूर्णिमा के चांद को खुली आंखों से देखना चाहिए। क्योंकि इससे आंखों की समस्या नहीं होती।
  • इस दिन व्रत रखें और पूर्णिमा की रात्रि में जागरण करें। व्रत करने वाले को चंद्र को अर्घ्य देने के बाद ही अन्न ग्रहण करना चाहिए।

sharad purnima,sharad purnima 2019,sharad purnima ka mahatav,sharad purnima ki puja vidhi,sharad purnima shubh muhurat

  • शरद पूर्णिमा की रात घर के बाहर दीपक जलाना चाहिए। इससे घर में सकारात्मकता बढ़ती है।
  • माता लक्ष्मी को प्रसन्न करने के लिए मखाने और चावल की खीर का भोग लगाना चाहिए।
  • मां लक्ष्‍मी को जो वस्‍तुएं प्रिय हैं, उनमें से एक दही भी है। शरद पूर्णिमा के दिन मां लक्ष्‍मी को गाय के दूध से बने दही का भी भोग लगाएं।

ये भी पढ़े…

जानिए कब है शरद पूर्णिमा? इसका महत्व, शुभ मुहूर्त और पूजा-विधि

त्योहारों से भरा है अक्टूबर का महीना, जानें किस दिन है दशहरा-दिवाली समेत कई महत्वपूर्ण तीज-त्योहार

ये हैं भगवान गणेश का ऐसा अनोखा मंदिर जहां लगातार बढ़ रहा है मूर्ति का आकार

Related posts