बुखार से तड़प रही 2 साल की मासूम को अंधविश्‍वासी मां ने गर्म सलाखों से दागा

Superstition,ratlam

चैतन्य भारत न्यूज

हमारे देश में अंधविश्वास ने इस कदर जड़े जमा रखी है कि तमाम प्रयासों के बाद भी लोगों की मानसिकता बदलने का नाम नहीं ले रही है। आज हम आपको अंधविश्वास का एक ऐसा मामला बताने जा रहे हैं जिसे सुनकर आप हैरान हो जाएंगे।



नवरात्रि के पावन पर्व पर देवी भक्ति के रूप में डूबा देश जहां कन्याओं का पूजन कर रहा है, तो वहीं रतलाम जिले के हरथल गांव के एक परिवार ने अंधविश्वास में आकर 2 साल की मासूम बच्ची को गर्म तार से सात जगह दाग दिया। इसके बाद मासूम को बाल चिकित्सालय में भर्ती कराया गया है, जहां उसका इलाज चल रहा है। दरअसल, बारिश के ठंडे मौसम की वजह से बच्ची को बुखार आ गया था। रविवार को उसकी तबियत ज्यादा बिगड़ने पर बच्ची की मां संगीत ने तार गर्म किया और बच्ची के दोनों हाथों की कलाई और दोनों पैरों की एडी के ऊपर दाग दिए। बच्ची के सीने पर भी मां ने यह गर्म सलाखें रख दीं।

दरअसल ग्रामीणों में अंधविश्वास है कि ऐसा होने पर अगर बच्चे को जलाया जाए तो इससे झटके बंद हो जाएंगे। बच्ची को झटके न आएं, इसके लिए उसकी मां ने उसके ऊपर गर्म सलाखें रख दीं। हालत बिगड़ने पर बच्ची को अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां फिलहाल बच्ची खतरे से बाहर है। लेकिन उसकी सिर, पैर, पीठ समेत सात जगह पर चमड़ी झुलस गई है। डॉक्टर ने बताया कि बच्ची के शरीर पर उभरे निशान कुछ दिन पुराने लग रहे हैं। बच्ची की तबियत जब ज्यादा बिगड़ने लगी तो उसे अस्पताल लाया गया। फिलहाल स्थिति सामान्य बनी हुई है और बच्ची का उपचार किया जा रहा है।

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