शादीशुदा जिंदगी में आखिर क्यों पति-पत्नी के बीच आ जाती है तलाक की नौबत?

divorce,relationship,breakup

चैतन्य भारत न्यूज

शादी करते समय एक साथ जीने-मरने की कसमें खाने वाले कुछ लोग शादी को तलाक की नौबत तक ले जाते हैं। फिर उन्हें ये सभी कसमें-वादे बेकार से लगने लगते हैं। वह लंबे समय तक अपने रिश्तों की डोर को खींचने की कोशिश करते हैं। लेकिन एक समय ऐसा आता है जब दोनों के हाथों से यह डोर हमेशा के लिए छूट जाती है। यह ऐसी स्थिति होती है जब उन्हें लगता है कि अब एक-दूसरे से अलग होने से बेहतर दूसरा कोई विकल्प नहीं है।

शादी के बाद हर कपल के बीच छोटा-मोटा झगड़ा तो होता ही रहता है। लेकिन जब यह झगड़ा बढ़ जाता है तो तलाक की नौबत आ जाती है। दरअसल आजकल के कपल्स में धैर्य की कमी होने लगी है। इसी के चलते ज्यादातर रिश्ते तलाक तक पहुंच जाते हैं। दहेज, घरेलू हिंसा, एक्स्ट्रा मैरिटल अफेयर की वजह से तलाक लेना लाजमी है लेकिन अब कपल्स छोटी-छोटी बातों को भी बड़ा मुद्दा बनाकर तलाक लेने को तैयार हो जाते हैं। कुछ कपल्स चाहते हैं कि सबकुछ हमारे हिसाब से चले लेकिन शादी के बाद यह थोड़ा मुश्किल होता है। ऐसे में वो छोटी-छोटो बहसों में उलझ जाते हैं और बिना सोचे समझे तलाक ले लेते हैं।

इन दिनों ज्यादातर लोग शादी के बाद बड़े शहर में बस जाते हैं। शहर की लाइफस्टाइल काफी फास्ट होती जा रही है। यहां कपल्स को एक-दूसरे के साथ बिताने के लिए पर्याप्त समय नहीं मिल पाता है। समय न देने के चलते वह एक-दूसरे से कटे-कटे से रहने लगते हैं और ज्यादा बातचीत नहीं कर पाते हैं। रिलेशनशिप में एक-दूसरे के साथ वक्त बिताना बहुत महत्वपूर्ण होता है। किसी भी रिलेनशिप में बिना एक दूसरे को वक्त दिए बैगर सफलता की कामना नहीं की जा सकती। उनके बीच की यह दूरियां भी तलाक की एक बड़ी वजह बन जाती है।

धैर्य और सहनशक्ति रिश्ते को मजबूत बनाने के लिए सबसे ज्यादा जरुरी होती है। यही रिश्ते की डोर को हमेशा मजबूती से बांधकर रखती है। यदि आप चाहते हैं कि आपकी शादीशुदा जिंदगी खुशहाली से बीते तो आपको खुद के अंदर बातों को सहन करने की शक्ति को बढ़ाना जरुरी है। हर लड़ाई का अंत बेहद खराब होता है इसलिए पार्टनर के साथ आपस में हुई नोक-झोंक को बड़ा इश्यू न बनाएं। धैर्य से रिलेशन मजबूत होता है और तलाक की नौबत नहीं आती है।

कई बार कम उम्र में शादी होना भी तलाक की बड़ी वजह बन जाती है। ऐसा ज्यादातर लव मैरिज में ही देखने को मिलता है। दरअसल, लड़का-लड़की कम उम्र में लव मैरिज तो कर लेते हैं लेकिन शादी के बाद जब उनके सिर पर जिम्मेदारियां पड़ती हैं तो रिश्ते में दूरियां आ जाती हैं और बात तलाक तक पहुंच जाती है। इन दिनों ज्यादातर लड़कियां अपनी मर्जी से जीना पसंद करती हैं। वे चाहती हैं कि सब काम उनकी मर्जी का हो और ससुराल वाले उनकी शादीशुदा जिंदगी में दखल न दें। कई बार ससुराल वालों का दखल देना बहूओं को बर्दाश्त नहीं होता है और इस वजह से वह अक्सर अपने पति से झगड़ा करने लगती हैं। ऐसे में पति-पत्नी के बीच आए दिन तकरार होने लगती है और बात तलाक तक पहुंच जाती है।

रिश्ते को सदैव बनाए रखने के लिए सहनशीलता, धैर्य, गुस्से को काबू में करना, सामंजस्य, एक-दूसरे को वक्त देना, परेशानियां समझना, आसपास में बातचीत करते रहना, किसी भी बात को न छुपाना और सबसे बड़ी चीज पार्टनर पर विश्वास करना बहुत जरुरी है।

ये भी पढ़े… 

रिलेशनशिप की वो कड़वी सच्चाईयां, जिसे कोई भी स्वीकार नहीं करना चाहता

प्यार को हमेशा रखना है बरकरार, तो अपने रिश्ते को इस तरह बनाएं खूबसूरत

कहीं आपकी वजह से तो नहीं आपके बच्चे हो रहे हैं डिप्रेशन का शिकार?

Related posts